Singrauli News: UCC विधेयक के खिलाफ सिंगरौली में उठी आवाज, राष्ट्रपति के नाम कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन
Singrauli News: सिमरा नदी में बहे 30 वर्षीय पवन कोल का दूसरे दिन मिला शव, झखरावल में पसरा मातम
Singrauli News: हर-हर महादेव के जयकारों से गूंजा बैढ़न, शिव महापुराण कथा के शुभारंभ पर निकली भव्य कल
Singrauli News: बारिश में कलिंगा कंपनी के कामगारों पर ‘नो वर्क, नो पे’ की मार?
Singrauli News: झांझी से दोपहा टोला तक 4 किमी सड़क बदहाल, बच्चों की बस तक हुई बंद
Singrauli News: सेफ्टी शूज तक नसीब नहीं, फटे जूतों के सहारे काम कर रहे नगर निगम कर्मचारी
Singrauli News: बारिश ने खोली ननि के विकास की पोल: टूटी पुलिया, धंसी सड़कें और घरों में घुसता पानी
Singrauli News: बारिश में डूबा बैढ़न-शक्तिनगर मार्ग, घुटनों से ऊपर पानी; जान जोखिम में डालकर गुजर रह
RRC NCR Apprentice 2026: अप्रेंटिसशिप के 1853 पदों पर आवेदन करने की लास्ट डेट, 31 अगस्त है
RSSB JE Recruitment 2026: राजस्थान में जूनियर इंजीनियर के 874 पदों पर निकली है भर्ती
Singrauli News: Municipal corporation employees working in torn shoes; lack access even to safety shoes.
Show alternatives
बरसात में बिजली से जुड़े काम करने वाले कर्मचारियों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल
Singrauli News: सिंगरौली। नगर पालिक निगम सिंगरौली में कर्मचारियों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। नगर निगम के वाहन चालकों से लेकर इलेक्ट्रिकल विभाग में जोखिमपूर्ण कार्य करने वाले कर्मचारियों को पर्याप्त सुरक्षा उपकरण उपलब्ध नहीं होने की शिकायत सामने आई है। कर्मचारियों का आरोप है कि उन्हें निर्धारित मानकों के सेफ्टी शूज तक उपलब्ध नहीं कराए जा रहे हैं, जिसके चलते कई कर्मचारी पुराने और फटे-पुराने जूतों के सहारे काम करने को मजबूर हैं।
बरसात में बढ़ जाता है बिजली से जुड़े काम का खतरा
नगर निगम के इलेक्ट्रिकल कर्मचारियों को बारिश के दौरान भी विद्युत व्यवस्था से जुड़े कार्यों के लिए कई स्थानों पर जाना पड़ता है। पानी और बिजली का संयोजन किसी भी समय गंभीर हादसे का कारण बन सकता है। ऐसे में कर्मचारियों के लिए गुणवत्तापूर्ण सेफ्टी शूज, दस्ताने, हेलमेट सहित अन्य सुरक्षा उपकरण महज सुविधा नहीं, बल्कि काम का जरूरी हिस्सा हैं। कर्मचारियों का कहना है कि जब उनसे जोखिमपूर्ण परिस्थितियों में काम कराया जा रहा है, तो उन्हें सुरक्षा मानकों के अनुरूप उपकरण उपलब्ध कराना भी निगम की जिम्मेदारी है। इसके बावजूद कई कर्मचारियों के पास पुराने और क्षतिग्रस्त जूते ही काम चलाने का एकमात्र सहारा बने हुए हैं।
मांग के बावजूद नहीं मिला समाधान
सूत्रों के अनुसार इलेक्ट्रिकल विभाग के कर्मचारियों द्वारा लंबे समय से सेफ्टी शूज उपलब्ध कराने की मांग की जा रही है। कर्मचारियों का कहना है कि काम की प्रकृति को देखते हुए सुरक्षा उपकरणों की नियमित उपलब्धता सुनिश्चित की जानी चाहिए, लेकिन उनकी मांग पर अब तक अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई है। नगर निगम कर्मचारियों से शहर की विद्युत व्यवस्था, सफाई, वाहन संचालन और अन्य महत्वपूर्ण कार्य कराता है। ऐसे में सवाल उठना स्वाभाविक है कि जब कर्मचारियों से जोखिम लेकर काम कराया जा रहा है तो उनकी सुरक्षा के लिए जरूरी उपकरण उपलब्ध कराने में लापरवाही क्यों?