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भाजपा कार्यालय”, दीपक के खर्च पर शुरू हुआ विवाद राजनीतिक बहस में बदला
कांग्रेस पार्षदों की नारेबाजी के जवाब में भाजपा पार्षद सीमा जायसवाल ने नेहरू को लेकर उठाया सवाल
Singrauli News: सिंगरौली। नगर पालिक निगम सिंगरौली की परिषद बैठक में दीपक जलाने पर हुए खर्च का हिसाब मांगने से शुरू हुआ विवाद राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप तक पहुंच गया। कांग्रेस पार्षदों ने खर्च को लेकर सवाल उठाए और जवाब से असंतुष्ट होकर नारेबाजी की। इस दौरान सदन में “वोट चोर कहां मिलेंगे, भाजपा कार्यालय” का नारा गूंजा, जिसके बाद कांग्रेस और भाजपा पार्षदों के बीच बहस तेज हो गई।
बैठक में दीपक जलाने पर खर्च की गई राशि को लेकर कांग्रेस पार्षदों ने परिषद से जवाब मांगा। आरोप है कि संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर पार्षदों ने विरोध जताते हुए नारेबाजी शुरू कर दी। इसी दौरान कांग्रेस पार्षदों की ओर से लगाए गए “वोट चोर कहां मिलेंगे, भाजपा कार्यालय” के नारे ने सदन में राजनीतिक माहौल गरमा दिया।
नारे के जवाब में नेहरू को लेकर टिप्पणी
कांग्रेस पार्षदों की नारेबाजी के जवाब में भाजपा पार्षद सीमा जायसवाल ने पूर्व प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू के प्रधानमंत्री बनने को लेकर सवाल उठा दिया। उनकी इस टिप्पणी के बाद कांग्रेस पार्षदों ने फिर विरोध जताया और सदन में दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस होने लगी। इस घटनाक्रम के बाद परिषद की बैठक में दीपक पर हुए खर्च का मूल सवाल राजनीतिक बहस के बीच चर्चा में आ गया। बैठक में सार्वजनिक धन के उपयोग से जुड़े मुद्दे पर स्पष्ट जवाब की मांग भी सामने आई।
दीपक पर खर्च कितनी राशि, हिसाब अब भी अहम सवाल
दीपक जलाने पर कुल कितनी राशि खर्च हुई, भुगतान किस मद से किया गया और इस संबंध में परिषद की ओर से क्या आधिकारिक जानकारी दी गई—इन सवालों का स्पष्ट विवरण सामने आना जरूरी है। उपलब्ध जानकारी में खर्च की कुल राशि और भुगतान से संबंधित दस्तावेजों का ब्योरा नहीं है। नगर निगम परिषद की बैठक में सार्वजनिक धन से जुड़े सवालों का जवाब देना और खर्च का विवरण उपलब्ध कराना जवाबदेही का अहम हिस्सा है। राजनीतिक नारेबाजी और आरोप-प्रत्यारोप के बीच अब निगाहें इस बात पर हैं कि दीपक जलाने के खर्च का पूरा हिसाब सदन में रखा जाता है या नहीं।